हिंदूओं पर हुए हमले पर जयशंकर ने कनाडा पर साधा निशाना, कहा- यहां अतिवादियों को दी जा रही पनाह
भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने हाल ही में कनाडा पर गंभीर आरोप लगाए, खासतौर पर हिंदू समुदाय के खिलाफ बढ़ते हमलों को लेकर। जयशंकर ने कहा कि कनाडा में कुछ अतिवादी ताकतों को पनाह दी जा रही है, जो भारत के खिलाफ घृणा और हिंसा फैला रहे हैं। उन्होंने ये बातें कनाडा में हाल ही में हिंदू समुदाय के खिलाफ बढ़ते हमलों और धमकियों के संदर्भ में कही।
1. हिंदूओं पर हमले
जयशंकर ने कनाडा में हिंदूओं पर हो रहे हमलों और उत्पीड़न की निंदा की। कनाडा में पिछले कुछ महीनों में हिंदू मंदिरों पर हमले, धार्मिक उत्पीड़न और धमकियों की घटनाएं बढ़ी हैं। विशेष रूप से, हिंदू पूजा स्थलों पर तोड़फोड़ और हिंदू नागरिकों को निशाना बनाए जाने की खबरें सामने आई हैं। इन घटनाओं के बाद, भारतीय सरकार ने कनाडा से इस मामले में ठोस कार्रवाई की मांग की थी।
2. कनाडा में अतिवादियों का समर्थन
एस जयशंकर ने कहा, “कनाडा में कुछ ऐसे तत्व सक्रिय हैं, जो आतंकवादी और अतिवादी विचारधाराओं को बढ़ावा दे रहे हैं। इन तत्वों को न केवल पनाह दी जा रही है, बल्कि उन्हें खुला समर्थन भी मिल रहा है।” उन्होंने यह भी कहा कि यह केवल भारत के लिए नहीं, बल्कि कनाडा के लिए भी एक गंभीर चिंता का विषय है। विदेश मंत्री ने चेतावनी दी कि अगर इन अतिवादी गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं की जाती, तो यह दोनों देशों के रिश्तों के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
3. कनाडा का जवाब
कनाडा सरकार ने हालांकि इन आरोपों का कोई प्रत्यक्ष जवाब नहीं दिया है, लेकिन कनाडा के अधिकारियों ने कहा है कि वे सभी समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने यह भी कहा कि कनाडा में सभी प्रकार की हिंसा और भेदभाव के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
4. भारत की सुरक्षा चिंताएं
भारत ने बार-बार यह मुद्दा उठाया है कि ऐसे अतिवादी तत्व न केवल भारत की सुरक्षा के लिए खतरा हैं, बल्कि वे कनाडा के अपने आंतरिक शांति और सामाजिक सौहार्द को भी कमजोर कर रहे हैं। विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा, “हम उम्मीद करते हैं कि कनाडा सरकार इन तत्वों को काबू में करेगी और हमारे समुदायों के खिलाफ होने वाली हिंसा को रोकने के लिए सख्त कदम उठाएगी।”
5. भारत और कनाडा के रिश्ते
भारत और कनाडा के बीच रिश्तों में पिछले कुछ समय से तनाव बढ़ा है, खासकर तब जब कनाडा में कुछ कट्टरपंथी समूहों ने भारत विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देना शुरू किया। इससे पहले भी भारत ने कनाडा को यह चेतावनी दी थी कि वह अपने यहां स्थित इन अतिवादी तत्वों पर कड़ी निगरानी रखे और उन्हें समर्थन देने की बजाय उन्हें कानून के तहत कार्रवाई का सामना कराए।
