दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण पर GRAP स्टेज- II लागू, डीजल जनरेटर और कोयले के इस्तेमाल पर प्रतिबंध
“दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) ने इस बिगड़ते हालात को देखते हुए क्रमिक प्रतिक्रिया कार्य योजना (GRAP) के दूसरे चरण को लागू कर दिया है। इस फैसले के तहत कई कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं, जिनमें कोयले और लकड़ी के जलाने के साथ-साथ डीजल जनरेटर सेट के उपयोग पर रोक लगाई गई है।”
क्या है GRAP और इसका महत्व?
GRAP यानी ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान एक आपातकालीन योजना है, जिसे वायु गुणवत्ता के विभिन्न स्तरों के आधार पर लागू किया जाता है। इसका उद्देश्य वायु प्रदूषण को नियंत्रित करना और लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव को कम करना है। GRAP के तहत चार चरण होते हैं, जिनमें प्रदूषण के स्तर के अनुसार अलग-अलग प्रतिबंध लगाए जाते हैं।
GRAP स्टेज-II में कौन-कौन से प्रतिबंध लागू हैं?
GRAP स्टेज-II के तहत निम्नलिखित प्रतिबंध लगाए गए हैं:
- डीजल जनरेटर सेट पर प्रतिबंध:
- आवश्यक सेवाओं को छोड़कर अन्य सभी क्षेत्रों में डीजल जनरेटर सेट का उपयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है।
- कोयले और लकड़ी के जलाने पर रोक:
- घरेलू और व्यावसायिक दोनों उद्देश्यों के लिए कोयला और लकड़ी जलाने पर प्रतिबंध लगाया गया है।
- कंस्ट्रक्शन साइट्स की निगरानी:
- कंस्ट्रक्शन साइट्स पर धूल नियंत्रण के उपायों को लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।
- वाहनों पर विशेष ध्यान:
- वाहनों की जांच तेज कर दी गई है और प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर जुर्माना लगाया जा रहा है।
दिल्ली की वायु गुणवत्ता पर प्रभाव
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, दिल्ली की वायु गुणवत्ता इस समय ‘बहुत खराब’ श्रेणी में है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर समय पर उपाय नहीं किए गए, तो हालात और बिगड़ सकते हैं।
प्रशासन की तैयारी
दिल्ली सरकार और स्थानीय प्रशासन ने प्रदूषण नियंत्रण के उपायों को सख्ती से लागू करने का निर्देश दिया है। साथ ही, पब्लिक ट्रांसपोर्ट के उपयोग को बढ़ावा देने और निजी वाहनों के उपयोग को कम करने के लिए भी जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं।
जनता से अपील
प्रशासन ने दिल्ली-एनसीआर की जनता से अपील की है कि वे वाहनPooling का उपयोग करें, unnecessary यात्रा से बचें और सार्वजनिक परिवहन का अधिक उपयोग करें। साथ ही, कोयला और लकड़ी का उपयोग न करने का आग्रह किया गया है।
