थर्ड अंपायर से कितनी ज्यादा होती है ग्राउंड अंपायर की सैलरी? क्या इस नौकरी से हो सकते हैं मालामाल?
क्रिकेट की दुनिया में अंपायरिंग एक बेहद जिम्मेदार और प्रतिष्ठित नौकरी मानी जाती है। चाहे ग्राउंड अंपायर हो या थर्ड अंपायर, दोनों का काम खिलाड़ियों के खेल को निष्पक्ष और नियमों के अनुसार संचालित करना होता है। लेकिन सैलरी के मामले में क्या ग्राउंड अंपायर और थर्ड अंपायर के बीच कोई बड़ा अंतर होता है? और क्या इस नौकरी से आप मालामाल हो सकते हैं?
ग्राउंड अंपायर और थर्ड अंपायर की सैलरी
ग्राउंड अंपायर और थर्ड अंपायर दोनों के वेतन में अंतर होता है। खासकर जब बात अंतरराष्ट्रीय स्तर की हो, तो ग्राउंड अंपायर की जिम्मेदारियां अधिक होती हैं, जिसके चलते उनकी सैलरी भी थर्ड अंपायर से अधिक होती है।
- ग्राउंड अंपायर की सैलरी: एक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट ग्राउंड अंपायर की प्रति मैच सैलरी औसतन $3,000 से $5,000 तक हो सकती है। सालाना तौर पर देखा जाए तो एक अंपायर $100,000 से $150,000 तक कमा सकता है, जो उसकी अनुभव और मैचों की संख्या पर निर्भर करता है। इसके अलावा बड़े टूर्नामेंट्स जैसे वर्ल्ड कप में यह राशि और भी अधिक हो सकती है।
- थर्ड अंपायर की सैलरी: थर्ड अंपायर की सैलरी भी ग्राउंड अंपायर से थोड़ी कम होती है। थर्ड अंपायर को प्रति मैच लगभग $2,000 से $3,000 तक का भुगतान किया जा सकता है। सालाना आधार पर उनकी सैलरी $75,000 से $120,000 के बीच हो सकती है।
क्या अंपायरिंग से हो सकते हैं मालामाल?
अंपायरिंग की नौकरी से ‘मालामाल’ होना काफी हद तक संभव है, खासकर अगर आप उच्च स्तरीय इंटरनेशनल या आईपीएल जैसे बड़े लीग्स में अंपायरिंग कर रहे हैं। इसके अलावा, अनुभवी अंपायर्स को प्रायोजक और कमेंट्री जैसे अन्य प्लेटफॉर्म्स पर भी कमाने के अवसर मिल सकते हैं।
- आईपीएल और अन्य लीग्स में सैलरी: आईपीएल जैसे बड़े टी20 टूर्नामेंट्स में अंपायर्स को प्रति मैच मोटी रकम दी जाती है। ग्राउंड अंपायर को प्रति मैच ₹1,50,000 से ₹2,00,000 तक का भुगतान किया जा सकता है, जबकि थर्ड अंपायर को ₹1,00,000 से ₹1,50,000 तक मिलते हैं।
अन्य लाभ
सैलरी के अलावा, अंपायर्स को यात्रा भत्ता, स्टे और अन्य सुविधाएं भी प्रदान की जाती हैं। साथ ही, उनके पास इस क्षेत्र में लंबे समय तक काम करने के बाद कई प्रमोशनल और कोचिंग के अवसर भी होते हैं, जो आय को और बढ़ा सकते हैं।
